ब्याज खोरों के डर से दी जान Interest is given from the fear of the poor



साहिबाबाद, ( सर्वोदय शांतिदूत ब्यूरो )  थाना साहिबाबाद क्षेत्र के इंदिरा प्रियदर्शनी  पार्क में गार्ड की नौकरी करने वाले सूरजपाल सिंह की बृहस्पतिवार की भोर में एक पेड़ से लटकी लाश मिली। इसकी सूचना उसकी साथी गार्ड ने पहले उसके परिजनों को दी इसके बाद पुलिस को बताया।

परिवार के लोगों ने बताया कि सूरजपाल सिंह इंदिरा प्रियदर्शिनी पार्क में बतौर गार्ड काम करता था तथा उस पर कर्ज हो गया था। ब्याज खोर घर पर पैसे का ब्याज लेने के लिए लगातार चक्कर लगा रहे थे और उसे धमका रहे थे। इस बात का परिवार को पता चलने के बाद वो काफी तनाव में आ गया । आज सुबह छः बजे साथी गार्ड से सूचना मिली कि सूरज का शव पार्क के पेड़ से लटका हुआ है।
                 
थाना साहिबाबाद क्षेत्र के इंदिरा प्रियदर्शिनी पार्क में गार्ड की नौकरी करने वाले सूरजपाल सिंह ने पड़ोस में ही रहने वाले किसी निजी फाइनेंसर से 23 हजार रुपए ब्याज पर लिए थे।  जब गार्ड द्वारा ब्याज समय पर नहीं दिया गया तो ब्याज खोर उसके घर जा पहुंचा और उसने उसे घर वालों के सामने डाटा व बुरा भला कहा। इसके बाद गार्ड सूरज पाल सिंह बेहद तनाव में रहने लगा। बुधवार को सूरज पाल सिंह प्रियदर्शनी पार्क में अपनी ड्रूूटी पर था लेकिन गुरुवार की सुबह ही उसके एक साथी गार्ड ने उसके परिजनों को सूचना दी कि सूरज पाल सिंह का शव एक पेड़ से लटका हुआ है। मौके पर सूचना पाकर थाना साहिबाबाद पुलिस भी पहुच गयी। प्रथम दृष्टि में देखने पर पता चला कि सूरज पाल सिंह ने फांसी लगाकर आत्महत्या की है।
         
उधर गार्ड के बेटे ने इस मामले में बताया कि पापा को किसी भी बात की कोई टेंशन नहीं थी, लेकिन उन्होंने पड़ोस में ही रहने वाले एक व्यक्ति से 23हजार रूपये ब्याज पर लिए थे । ब्याज समय पर नहीं पहुंची तो वह सूदखोर घर पर आगया और पापा को डाटा और बुरा भला कहा। तभी से वह टेंशन में आ गये थे। उसने पिता की मौत की बजह सूदखोर की हरकत है।
       
 यहां यह गौरतलव है कि दिल्ली राजधानी से सटे गाजियाबाद जिले में बगैर पंजीकृत  फाइनेंसरों की काफी तादात है। जो कि मोटे ब्याज पर लोगों को पैसा देते हैं और ब्याज समय पर  न दिए जाने के कारण उन्हें प्रताड़ित करते हैं तथा मोटा जुर्माना बसूलते हैं। जो प्रताड़ना नहीं झेल पाते  उनका हाल सूरजपाल सिंह की तरह हो जाता है। बहराल यह साफ है कि एक और जान गाजियाबाद में ब्याज खोरो की भेंट चढ़ गई। इससे पहले भी जनपद गाजियाबाद में ना जाने कितनी जान ब्याज खोरो के चलते जा चुकी हैं।
    
उधर इस पूरे मामले में एसपी सिटी श्लोक कुमार का कहना है पीड़ित परिवार द्वारा दी तहरीर के आधार पर गहन जांच के बाद कानूनी कार्रवाई की जाएगी। 




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